दोस्त ने मेरी बीबी को घोड़ी बनाकर उसकी गांड मारी-1

28638 07

Dost ne Meri Biwi ko Ghodi Banakar Uski Gaand Mari-1

हाय दोस्तों मैं जतिन आपकी सेवा में फिर से मेरी बीबी की चुदाई की नयी कहानी लेकर आ गया हूँ, आप तो जानते ही है की मैं मेरी बीबी की चुदाई की आग को ठंडी नहीं कर पाता इसीलिए वो मेरे दोस्त उस्मान से चुद रही है उस्मान मेरी बीबी को अपनी ही बीबी समझता है और वो उसे प्रतिदिन दो से तिन बार चोदता ही है, मेरे अपने जॉब पर जाने के बाद दोनों घर पर नंगे ही रहते है, और घर के हर कोने में चुदाई होती थी, मेरा दोस्त मेरी बीबी के हर छेद को अपने वीर्य से भर देता था मेरी पिछली कहानी “मेरी चुद्द्कड़ बीबी मेरे दोस्त से रोज चुदाती है” में उस्मान ने अपने दोस्त की तारीफ मेरी बीबी से की थी जिससे वो उससे भी चुदने के लिया तड़फ गयी थी, ये कहानी उस्मान के दुसरे दोस्त बिलाल और मेरी बीबी के नाजायज संबंधो की है, कहानी थोड़ी लम्बी है तो इस कहानी में मैं मेरी बीबी की गांड मराने की दास्ताँ ही भेज रहा हूँ और आप लोगो की डिमांड रही तू बिलाल द्वारा उसके चूत मराने की भी कहानी अगली बार भेज दूंगा.

तो चलिए शुरू करते है.पिछली कहानी के अंश …….. करीब २० मिनट की जोरदार चुदाई के बाद उस्मान भी अपने चरम पर पहुँच गया था और अब वो अपने आखिरी झटको को जोर जोर से मालिनी की चुत में मार रहा था वो जोर जोर से हाफ़ने लगा उस्मान के लंड ने मालिनी की चूत में वीर्य की पिचकारी मारना चालू कर दिया, गाढे गाढे वीर्य से मालिनी की चुत पूरी तरह भर गयी और कुछ वीर्य ओवरफ्लो होकर निचे गिरने लगा. दोनों कुछ देर इसी तरह चिपके रहे फिर मालिनी बोली – जानू मेरा सरप्राइज कहा है, मैं कब से इंतजार कर रही हूँ, तुमने तो अपना मुह मीठा कर लिया अब मेरी गांड जिसका सुबह से इंतजार में कुलबुला रही है वो कहा है.

उस्मान बोला – जान सब्र करो कुछ ही देर में बिलाल आता ही होगा तुम्हारी माँ चोदने. मालिनी – मेरी माँ बहन बाद में चोदे पहले मुझे चोद ले वही काफी है. फिर दोनों ने खाना खाया मालिनी ने अपनी चड्डी और स्लीव पहन ली जबकि उस्मान ने अपना अंडरवियर पहन लिया फिर दोनों बिलाल का वेट करने लगे.
रात के करीब १० बजे डोर बेल बजी, उस्मान ने उठकर दरवाजा खोला, दरवाजे पर जो आदमी खड़ा था उसे देखकर मेरे होश उड़ गये, वो आदमी करीब ५५ साल का एक भद्दी सी शक्ल का काला हब्शी था जो करीब करीब ६.५ फिट ऊँचा और काफी ताकतवर लग रहा था उसने एक कुरता और लुंगी पहना हुआ था उसके सर पर एक जालीदार टोपी थी, उसने उस्मान की ओर देखकर एक भद्दी सी हसी हँसा जिससे उसके पान तम्बाकू से सने काले दांत दिखने लगे.

बिलाल – शुक्रिया उस्मान भाई, एक अरसा बित गया औरत चोदे हुए मुझे तो लग रहा था की बस अब कब्र तक चुत नसीब नही होगी पर वो रंडी है कहा जो मेरे औजार को लेने तैयार हो गयी किसी की गांड फाड़े हुए एक जमाना हो गया आज तो बस अपने औजार से गांड चिर के रख दूंगा.
उस्मान – थोडा सा सब्र करो बिलाल भाई ३ दिन तक वो कही जाने वाली नही है आप तो बस अपने औजार को तेल पिलाकर रखो क्योकि वो भी एक खेली खाई रंडी है, आपके लिए परफेक्ट है.
फिर दोनों हसने लगे उधर मालिनी ने अपने काम समाप्त किये बिलाल से गांड मराने की ख़ुशी में वो सब जल्दी जल्दी कर रही थी.
करीब आधा घंटे बाद मालिनी बेडरूम में आयी उस्मान और बिलाल दोनों सोफे पर बैठ कर बाते कर रहे थे मालिनी और बिलाल की नजरे मिली बिलाल बड़ी ही ललचायी नजरो से मालिनी को देख रहा था, उसकी आँखों में हवस साफ दिखाई दे रही थी वो अपने ओठो पर जीभ फिराते हुए आँखों ही आँखों से मालिनी को चोदने लगा.

मालिनी ने भी बिलाल को देखा, एक पल तो अपने सामने राक्षस जैसे आदमी को देखकर हक्का बक्का रह गयी, शायद उसे लग रहा होगा की शर्त लगा कर कही उसने बेवकूफी तो नही कर दी. वो उन दोनों के सामने जाकर बैठने लगी तो उस्मान बोला – जान हम क्या पराये हो गये जो तुम हमसे दूर जाकर बैठ गये. मालिनी कुछ ना बोली वो उठकर उन दोनों के बिच जाकर बैठ गयी, अचानक उस्मान को को एक फ़ोन आया वो तुरंत उठा और बिलाल से बोला – बिलाल भाई एक बड़ी एमरजेंसी आ गयी कंपनी में मुझे अभी जाना पड़ेगा शायद आज रात ना आ पाउँगा कल सुबह मिलते है, और फिर वो मालिनी के मुखातिब हुआ और बोला – सोरी डार्लिंग कल से कोई परेशानी नहीं होगी, बस आज मुझे जाना ही होगा बिलाल भाई तुम्हारे साथ है फ़िक्र मत करो उसने मालिनी को किस किया और उसको हग करते हुए बिलाल को आँख मार दिया इसका मतलब ये था की उस्मान और बिलाल ने ये प्लान बनाया था की मालिनी आज बिलाल के साथ अकेली चुदाई कर ले शायद मालिनी बिलाल से अछे से खुल जाये तो उसकी थ्रीसम चुदाई करने में उन दोनों को ज्यादा मजा आता.

ये सोचकर मेरा भी लंड तनने लगा था की मेरी बीबी को आज तीसरे लंड से चुदने वाली है. मुझे मालिनी की किस्मत पर नाज हो रहा था की वो आज फिर से एक बड़े लंड से चुदेगी और साथ ही मुझे उस पर गर्व भी हो रहा था की बिना किसी परेशानी के बड़े से बड़ा लंड ले लेती है.
उस्मान के जाने के बाद मालिनी दरवाजा लगा कर जैसे ही पलटी तो पीछे बिलाल खड़ा खीसे निपोर रहा था मालिनी ने भी उसको देखकर मुस्करा दिया उसने मालिनी से बोला – आपको कोई परेशानी तो नही है. मालिनी बोली – नहीं मुझे भला कोई परेशानी क्यों होने लगी.
बिलाल – चलिए बेडरूम में चलते है, वही बाते करेंगे ये कहते हुए उसने अपने लंड को लुंगी के ऊपर से जोर से खुजला दिया (शायद वो मन ही मन कह रहा हो की अब तो मेरा लवड़ा ही तेरी चुत और गांड से बाते करेगा)

यह कहानी आप HotSexStory.xyz में पढ़ रहें हैं।

मालिनी ने भी अपनी चुचियो को हल्का सा दबा कर हामी भर दी, बिलाल को कोलकाता के सभी रंडीखानों ने बैन रखा था क्योकि वो रंडियों की गांड और चुत को चोदकर फाड़ डालता था इस कारण कोई भी रंडी उससे चुदती नही थी इसलिए बेचारा अपने हाथ से मुठ मारकर अपना काम चला रहा था साथ ही उसकी भद्दी सूरत होने से कोई लडकी उसके पास भी नही फटकती थी.
आज वही बिलाल एक खुबसूरत घरेलू महिला की चुत और गांड में अपना लंड डालकर उसे चोदने वाला था वो आज काफी खुश नजर आ रहा था, आखिर काफी दिनों के बाद उसका लंड चुत और गांड की सैर करने वाला था.

मालिनी और बिलाल दोनों बिस्तर आ गये, बिलाल बोला – देख मालिनी मैं तेरे से साफ़ शब्दों में कहता हूँ की मेरे चुदाई करने का तरीका बहुत ही जंगली तरीके का है साथ ही मैं गांड मारने का शौक़ीन भी हूँ उस्मान ने बता ही दिया होगा क्या फिर भी तेरे से एक बार और पूछ रहा हूँ, यदि तू तैयार है तो बता बाद में मैं रुकता नही.
मालिनी – मेरा भी एक उसूल है मैं जिसको एक बार पसंद कर लू तो फिर उसकी खातिरदारी में मैं कोई कमी नही रखती, तुम अपना काम करो आज की रात ये चुत और गांड तुम्हारी है, जो करना है करो मैं मना नही करूंगी.

मालिनी की बात सुनकर बिलाल बहुत खुश हुआ उसने अपने कुरते की जेब से १०-१० हजार की ३ नोटों की गड्डी निकाली और बोला – मालिनी ये तेरी कीमत है मैं कभी भी रंडी चोदता हूँ तो उसकी कीमत उसके अनुसार जरुर देता हूँ. मालिनी चौंकते हुए बोली – देखो बिलाल न तो मैं कोई प्रोफेशनल रंडी नही हूँ जो अपनी चुत और गांड सभी से मराते फिरू वो मेरे बॉय फ्रेंड और पति के आलावा तुम सिर्फ चौथे व्यक्ति हो जिससे मैं चुदने वाली हूँ, तो ये पैसे तो तुम अपने पास ही रखो क्योकि मुझे अपनी चुत पैसे से नही बेचनी है, अगर तुम मुझे कोई कोठे की वेश्या समझ रहे हो तो कोई और देख लो. ये कह कर वो उससे मुह फेर कर बैठ गयी.

मालिनी थोड़ी गुस्से में लग रही थी, बिलाल को अपने किये पर थोडा पछतावा हुआ उसे मालिनी की चुत और गांड हाथ से निकलती हुयी दिख रही थी, वो मालिनी के कंधे को पकड़ कर थोड़ी खुशामद करते हुए बोला सोरी मालिनी मेरा वो मकसद नही था, यदि तुम्हे बुरा लगा हो तो बहुत बहुत माफ़ी चाहता हूँ. (यहाँ मैं पाठको से बताना चाहता हूँ की मेरी बीबी कोई व्यवसायिक रांड नही है, क्योकि मुझे कई लोग मेल करते है की उन्हें मेरी बीबी को चोदना चाहते है, जो की इम्पोसिबल है), बिलाल के दो तिन बार मानाने पर मालिनी मान गयी, बिलाल ने तुरंत ही उसे अपनी बाहों में भर लिया वो उसे जोर जोर से सारे बदन को किस कर रहा था उसने एक ही झटके में मालिनी की स्लीव और चड्डी उतार कर फेंक दी मालिनी अब पूरी तरह नंगी हो गयी थी.

HotSexStory.xyz में कहानी पढ़ने के लिये आपका धन्यवाद, हमारी कोशिश है की हम आपको बेहतर कंटेंट देते रहे!

Leave a Reply

Your email address will not be published.